बिहार में अब एएनएम की बहाली के लिए होगी लिखित परीक्षा, 11000 पदों पर बम्पर बहाली
बिहार में एएनएम (ANM) यानी ऑक्जीलियरी नर्स मिडवाइफ (Auxiliary Nurse and Midwife) की बहाली अब लिखित परीक्षा के आधार पर की जाएगी। इसके साथ ही एएनएम नर्सों का संवर्ग अब राज्य स्तर पर होगा।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई बिहार सरकार के कैबिनेट की बैठक में यह फैसला लिया गया। अब तक एएनएम का संवर्ग जिलास्तर पर मान्य होता था। नीतीश कैबिनेट की बैठक में कुल 24 एजेंडों पर मुहर लगाई गई है।
कैबिनेट के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस सिद्धार्थ ने बैठक ख़त्म होने के बाद यह जानकारी मीडिया को दी। उन्होंने कहा कि “अब तक एएनएम की नियुक्ति अंकों और काउंसलिंग के आधार पर होती थी।
मगर अब नियमों में बदलाव किया गया है। राज्य कैबिनेट ने बिहार महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता (एएनएम) संवर्क नियमावली 2018 को निरस्त करते हुए बिहार महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता नियमावली 2023 को लागू करने की मंजूरी दी गई है।”
एएनएम के 11 हजार पदों पर बम्पर बहाली
आपको बता दें कि फिलहाल बिहार में लगभग 11 हजार पदों पर एएनएम की नियुक्ति (Bihar ANM recruitment 2023) होने वाली है। भर्ती की अधियाचना तकनीकी सेवा आयोग को भेज दी गई है।
राहत की बात ये है की फिलहाल इस भर्ती पर लिखित परीक्षा का नियम लागू नहीं होगा। लेकिन आने वाले समय में जो भी नई नियुक्तियां होंगी, वो लिखित परीक्षा के आधार पर होगी।
जानकारी के लिए बता दे की फिलहाल बिहार में स्थायी एएनएम के 29,479 पद स्वीकृत हैं। इनमें से 11,824 पद खली पड़े हुए हैं। इन पदों के अलावा एएनएम के संविदा आधारित 11,204 पद स्वीकृत हैं जिसके विरूद्ध 1584 पद पर ही संविदा एएनएम कार्यरत हैं।
बिहार के 37 जिलों में इंजीनियरिंग कॉलेज
इसके अलावा कैबिनेट ने सात निश्चय कार्यक्रम के तहत 37 जिलों में स्थापित किये गये इंजीनियरिंग कॉलेजों के वर्ग कक्ष, पुस्तकालय, कर्मशाला, प्रयोगशाला और छात्रावास में आवश्यकता आधारित मशीनें, उपकरण व कंप्यूटर की खरीद के लिए 150 करोड़ 40 लाख की स्वीकृति दी गयी और वित्तीय वर्ष 2023-24 में संबंधित संस्थानों को राशि भी जारी कर दी गयी।
इसी प्रकार से राज्य के 45 राजकीय पॉलिटेक्निक व राजकीय पॉलिटेक्निक संस्थानों में वर्ग कक्ष, पुस्तकालय, कर्मशाला, प्रयोगशाला और छात्रावास में आवश्यकता आधारित मशीनें, उपकरण व कंप्यूटर की खरीद के लिए 71 करोड़ 99 लाख की स्वीकृति दी गयी और वित्तीय वर्ष 2023-24 में संबंधित संस्थानों को राशि भी जारी कर दी गयी।

