Amrit Bharat Train: इस दिन से शुरू होगा भारत का पहला अमृत भारत ट्रेन, बिहार से इस रूट पर किया जाएगा ट्रायल

Amrit Bharat Train: भारत के पहले अमृत भारत ट्रेन का इंतजार हर किसी को है| इस पर यात्रा करने का सपना लगभग- लगभग हर रेलयात्री देख रहे हैं| ऐसे में बताते हुए बेहद खुशी हो रही है कि यह सपना बहुत जल्द पूरा होने वाला है|
रेलवे से आई ताजा रिपोर्ट के अनुसार बहुत जल्द अमृत भारत ट्रेन की शुरुआत होने वाली है| स्ट्रेन का परिचालन 30 दिसंबर से रेलवे मंडल के दरभंगा स्टेशन से शुरू होने की संभावना जताई जा रही है|
बहुत जल्द होगा ट्रायल रन
जानकारी के लिए आप सभी को बता दे की अमृत भारत ट्रेन की 22 रैक अपने दो इंजन के साथ बिहार के दरभंगा पहुंच चुकी है| डीआरएम विनय श्रीवास्तव ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा बहुत जल्द इस ट्रेन का ट्रायल रन किया जाएगा|
डीआरएम महोदय ने इस ट्रेन पर विशेष जानकारी देते हुए बताया कि रेगुलर परिचालन से पूर्व दरभंगा अयोध्या के बीच अगले कुछ दिनों में इस ट्रेन का ट्रायल होगा| उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि अमृत भारत ट्रेन का दूसरा नाम पुशपुल ट्रेन है|
डीजल शेड में इंजन हो रहे है तैयार
अधिक जानकारी देते हुए डीआरएम विनय श्रीवास्तव ने कहा अमित भारत ट्रेन को लेटेस्ट टेक्नोलॉजी के साथ तैयार किया जा रहा है। इस ट्रेन में यात्रियों के सुविधा को देखते हुए कई सारी फैसिलिटी दी गई है।
ऐसे में आपको बता दे की अमृत भारत ट्रेन काफी कम समय में स्पीड पकड़ लेगी। इस ट्रेन में कुल दो इंजन का इस्तेमाल किया जाएगा। पहला इंजन ट्रेन के अगले हिस्से की और तो वहीं दूसरे इंजन ट्रेन के पिछले हिस्से के और लगाया जाएगा।
जानकारी के लिए आपको बता दे की समस्तीपुर डीजल साइड में दोनों इंजन को चितरंजन और गाजियाबाद के इंजीनियर इंस्टॉल करने में जुटे हुए हैं। पिछले कुछ दिनों से उनकी टीम लगातार कार्य कर रही है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार आपको बता दे कि इस ट्रेन की स्पीड 140 किलोमीटर प्रति घंटा बताई गई है।
इस ट्रेन से गरीब लोगों को होगा कल्याण
आपको बता दे की अमृत भारत ट्रेन से खासकर देश के गरीब लोगों को फायदा मिलेगा। इस ट्रेन को खास कर देश के श्रमिक और कामगार लोगों को ध्यान में रखते हुए निर्माण किया गया है।
जानकारी के लिए आप सभी को बता दे की इस ट्रेन में जनरल श्रेणी और स्लिपर्स श्रेणी के कोच उपलब्ध होंगे। इसमें Ac बोगी एक भी उपलब्ध नहीं कराई गई है। पुशपुल तकनीक को महत्वपूर्ण रूप से संज्ञान में रखते हुए इसका निर्माण किया गया है।
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